Who is the leader of youth of INDIA ..................... ARVIND KEJRIVAL:- Mechanical Engineer -IIT Kharagpur Job :-Tata Steel Former IRS (Indian Revenue Services) resigned from the Govt. job (posted IT Commissioner’s office) Social Activist:- Man behind (Right to Information Act). LokPal bill Awards Various Ashoka Fellow, Civic Engagement. 2005: 'Satyendra Dubey Memorial Award', IIT Kanpur for his campaign for bringing transparency in Government 2006: Ramon Magsaysay Award for Emergent Leadership. 2006: CNN-IBN, 'Indian of the Year' in Public Service 2009: Distinguished Alumnus Award, IIT Kharagpur for Emergent Leadership. 2010: Policy Change Agent of the Year, Economic Times Corporate Excellence Award along with Aruna Roy. Fighting against corruption .............He left his job in IRS to fight against corruption. RAHUL Gandhi:- Education- failed to secure passing grades in National Economic Planning and Policy graduated by any how job: Got ancestral political power and running through it Award: he is making awards not getting it Fight against Indians sentiments For him Terror attacks are common thing... we should not be worried of that.....let it happen(since they have z class security) he will never talk about Govt. policies....and planning....since he is not intelligent enough to grasp that.(claimed to be most eligible to be PM) Won't talk about black money and corruption. will never talk in Parliament. No political vision and goals for nation . Trained well to fool poor villagers with safed kurta ..nd khadhi(doing same in UP and other places.) Achievements:- Grandson OF Nehru, Grandson of Indira Gandhi Son Of Rajiv Gandhi.... FRom Gandhi Family..... till now zero... ..............Claimed to be nxt PM of INDIA ..Future face of congress. |
Thursday, 25 August 2011
Arvind Kejrival Vs Rahul Gandhi
Wednesday, 24 August 2011
what you do ????????
My Dear Reader
दर्द होता रहा छटपटाते रहे, आईने॒से सदा चोट खाते रहे, वो वतन बेचकर मुस्कुराते रहे
हम वतन के लिए॒सिर कटाते रहे”

280 लाख करोड़ का सवाल है ...
भारतीय गरीब है लेकिन भारत देश कभी गरीब नहीं रहा"* ये कहना है स्विस बैंक के
डाइरेक्टर का. स्विस बैंक के डाइरेक्टर ने यह
भी कहा है कि भारत का लगभग 280
लाख करोड़
रुपये उनके स्विस बैंक में जमा है. ये रकम
इतनी है कि भारत का आने वाले 30 सालों का बजट
बिना टैक्स के बनाया जा सकता है.
या यूँ कहें
कि 60 करोड़ रोजगार के अवसर दिए जा सकते है.
या यूँ भी कह सकते है
कि भारत के किसी भी गाँव से दिल्ली तक 4
लेन रोड बनाया जा सकता है. ऐसा भी कह सकते है कि 500 से ज्यादा सामाजिक प्रोजेक्ट पूर्ण किये जा सकते है.
ये रकम इतनी ज्यादा है कि
अगर हर भारतीय को 2000 रुपये हर महीने भी दिए जाये तो 60 साल तक ख़त्म ना हो. यानी
भारत को किसी वर्ल्ड बैंक से लोन लेने कि कोई जरुरत
नहीं है. जरा सोचिये ...
...हमारे भ्रष्ट राजनेताओं और नोकरशाहों ने कैसे देश को लूटा है और ये लूट का सिलसिला अभी तक 2011 तक जारी है.
इस सिलसिले को अब रोकना बहुत ज्यादा जरूरी हो गया है. अंग्रेजो ने हमारे भारत पर करीब 200 सालो तक राज करके करीब 1 लाख करोड़ रुपये लूटा.
मगर आजादी के केवल 64 सालों में हमारे भ्रस्टाचार ने 280 लाख करोड़ लूटा है. एक तरफ 200 साल में 1 लाख करोड़ है और दूसरी तरफ केवल 64 सालों में 280 लाख करोड़ है.
यानि हर साल लगभग 4.37 लाख करोड़,
या हर महीने करीब 36 हजार करोड़ भारतीय मुद्रा स्विस बैंक में इन भ्रष्ट लोगों द्वारा जमा
करवाई गई है. भारत को किसी वर्ल्ड बैंक के लोन की कोई दरकार नहीं है. सोचो की कितना पैसा हमारे भ्रष्ट राजनेताओं और उच्च अधिकारीयों ने ब्लाक करके
रखा हुआ है. हमे भ्रस्ट राजनेताओं और भ्रष्ट अधिकारीयों के खिलाफ जाने का पूर्ण अधिकार
है.हाल ही में हुवे घोटालों का आप सभी को पता ही है - CWG घोटाला, २ जी स्पेक्ट्रुम घोटाला , आदर्श होउसिंग घोटाला ... और ना जाने कौन कौन
से घोटाले अभी उजागर होने वाले है
........आप लोग जोक्स फॉरवर्ड करते ही हो. इसे भी इतना
फॉरवर्ड करो की पूरा भारत
इसे पढ़े ... और एक आन्दोलन बन जाये
दर्द होता रहा छटपटाते रहे, आईने॒से सदा चोट खाते रहे, वो वतन बेचकर मुस्कुराते रहे
हम वतन के लिए॒सिर कटाते रहे”
280 लाख करोड़ का सवाल है ...
भारतीय गरीब है लेकिन भारत देश कभी गरीब नहीं रहा"* ये कहना है स्विस बैंक के
डाइरेक्टर का. स्विस बैंक के डाइरेक्टर ने यह
भी कहा है कि भारत का लगभग 280
लाख करोड़
रुपये उनके स्विस बैंक में जमा है. ये रकम
इतनी है कि भारत का आने वाले 30 सालों का बजट
बिना टैक्स के बनाया जा सकता है.
या यूँ कहें
कि 60 करोड़ रोजगार के अवसर दिए जा सकते है.
या यूँ भी कह सकते है
कि भारत के किसी भी गाँव से दिल्ली तक 4
लेन रोड बनाया जा सकता है. ऐसा भी कह सकते है कि 500 से ज्यादा सामाजिक प्रोजेक्ट पूर्ण किये जा सकते है.
ये रकम इतनी ज्यादा है कि
अगर हर भारतीय को 2000 रुपये हर महीने भी दिए जाये तो 60 साल तक ख़त्म ना हो. यानी
भारत को किसी वर्ल्ड बैंक से लोन लेने कि कोई जरुरत
नहीं है. जरा सोचिये ...
...हमारे भ्रष्ट राजनेताओं और नोकरशाहों ने कैसे देश को लूटा है और ये लूट का सिलसिला अभी तक 2011 तक जारी है.
इस सिलसिले को अब रोकना बहुत ज्यादा जरूरी हो गया है. अंग्रेजो ने हमारे भारत पर करीब 200 सालो तक राज करके करीब 1 लाख करोड़ रुपये लूटा.
मगर आजादी के केवल 64 सालों में हमारे भ्रस्टाचार ने 280 लाख करोड़ लूटा है. एक तरफ 200 साल में 1 लाख करोड़ है और दूसरी तरफ केवल 64 सालों में 280 लाख करोड़ है.
यानि हर साल लगभग 4.37 लाख करोड़,
या हर महीने करीब 36 हजार करोड़ भारतीय मुद्रा स्विस बैंक में इन भ्रष्ट लोगों द्वारा जमा
करवाई गई है. भारत को किसी वर्ल्ड बैंक के लोन की कोई दरकार नहीं है. सोचो की कितना पैसा हमारे भ्रष्ट राजनेताओं और उच्च अधिकारीयों ने ब्लाक करके
रखा हुआ है. हमे भ्रस्ट राजनेताओं और भ्रष्ट अधिकारीयों के खिलाफ जाने का पूर्ण अधिकार
है.हाल ही में हुवे घोटालों का आप सभी को पता ही है - CWG घोटाला, २ जी स्पेक्ट्रुम घोटाला , आदर्श होउसिंग घोटाला ... और ना जाने कौन कौन
से घोटाले अभी उजागर होने वाले है
........आप लोग जोक्स फॉरवर्ड करते ही हो. इसे भी इतना
फॉरवर्ड करो की पूरा भारत
इसे पढ़े ... और एक आन्दोलन बन जाये
Tuesday, 23 August 2011
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